इन्दिरा कला संगीत विश्‍वविद्यालय, खैरागढ़, राजनादगांव l indira kala sangeet vishwavidyalaya khairagarh

नोट – हिंदी और इंग्लिश में जानकारी प्राप्त करे।

हैलो दोस्तों मेरा नाम है हितेश कुमार इस पोस्ट में मैं आपको छत्तीसगढ़ के राजनादगांव जिले के इन्दिरा कला संगीत विश्‍वविद्यालय के बारे में जानकारी देने वाला हूं। ये जानकारी अच्छा लगे तो कमेंट और शेयर जरूर करे

इन्दिरा कला संगीत विश्‍वविद्यालय, खैरागढ़, राजनादगांव

पता – दोस्तों यह इन्दिरा कला संगीत विश्‍वविद्यालय राजनादगांव जिले के खैरागढ़ में स्थित है।

किनके नाम पर है इस विश्‍वविद्यालय का नाम – दोस्तों राजकुमारी ‘इन्दिरा’ के नाम पर इस संगीत विश्‍वविद्यालय के नाम पर पड़ा है।

विश्वविद्यालय का पूरा नाम – दोस्तों इस विश्‍वविद्यालय का पूरा नाम इन्दिरा कला संगीत विश्वविद्यालय है।

विश्‍वविद्यालय की स्‍थापना – दोस्तों खैरागढ़ रियासत के 24वें राजा विरेन्‍द्र बहादुर सिंह तथा रानी पद्मावती देवी द्वारा अपनी राजकुमारी ‘इन्दिरा’ के जन्‍म दिवस 14 अक्‍टूबर 1956 को इस इन्दिरा कला संगीत विश्‍वविद्यालय की स्‍थापना की गई ।

विश्‍वविद्यालय को स्‍थापित किये जाने का प्रस्‍ताव – दोस्तों खैरागढ़ के राजा विरेन्‍द्र बहादुर सिंह तथा रानी पद्मावती देवी मध्‍य प्रदेश राज्‍य के मंत्री बनाये गये।तब इस विश्‍वविद्यालय स्‍थापित किये जाने का प्रस्‍ताव तत्‍कालीन मुख्‍यमंत्री पं.रवि शंकर शुक्‍ल के समक्ष रखा, जिसे उन्‍होंने स्‍वीकार कर लिया और विश्‍वविद्यालय की स्‍थापना की गई।

विश्‍वविद्यालय का उद्घाटन – दोस्तों इस संगीत विश्‍वविद्यालय की स्थापना प्रियदर्शिनी इन्दिरा गांधी जी द्वारा स्‍वयं खैरागढ़ आकर किया गया ।

विश्‍वविद्यालय के प्रथम कुलपति – दोस्तों श्री कृष्णक नारायण रातन्ज नकर जी विश्‍वविद्यालय के प्रथम कुलपति नियुक्त किये गये।

विश्‍वविद्यालय का एक महत्‍वपूर्ण विभाग संग्रहालय – दोस्तों इस विश्‍वविद्यालय में प्राचीन सिक्‍कों को संग्रहण और प्राचीन कालीन मूर्तियों को संग्रहण कर प्रदर्शन के लिए रखा गया है।

इस कला के विभाग – दोस्तों नृत्‍य कला, मूर्तिकला, चित्रकला,गायन एवम वादन हिन्‍दी विभाग, संस्‍कृत विभाग, अंग्रेजी विभाग, म्‍यूजिकोलॉजी, प्राचीन भारतीय इतिहास आदि विभाग हैं।

संगीत की शिक्षा – दोस्तों इस विश्वविद्यालय में भारत के विभिन्‍न देश एवम प्रदेश के छात्र बड़ी संख्‍या में संगीत की शिक्षा ग्रहण करने प्रतिवर्ष इस संगीत विश्वविद्यालय में आते हैं।

यह पोस्ट आपको अच्छा लगे या इसके बारे में जरूरी जानकारी है तो हमे कमेंट कर जरूर बताएं।

।।जय जोहार जय छत्तीसगढ।।

Hello friends my name is Hitesh Kumar in this post I am going to give you information about Indira Kala Sangeet Vishwavidyalaya in Rajnadgaon district of Chhattisgarh. If you like this information then do comment and share

Indira Arts Music University, Khairagarh, Rajnadgaon

Address – Friends, this Indira Kala Sangeet Vishwavidyalaya is located in Khairagarh of Rajnadgaon district.

After whom is the name of this university – Friends, this music university is named after the princess ‘Indira.

Full name of the university – Friends, the full name of this university is Indira Kala Sangeet Vishwavidyalaya.

Establishment of the University – This Indira Kala Sangeet Vishwavidyalaya was established on 14th October 1956 by friends, 24th Raja Virendra Bahadur Singh and Queen Padmavati Devi of the princely state of Khairagarh, on the birthday of their princess ‘Indira.

Proposal to establish a university – Friends Raja Virendra Bahadur Singh of Khairagarh and Rani Padmavati Devi were made ministers of the state of Madhya Pradesh. Then the proposal to establish this university was presented to the then Chief Minister, Pt. Ravi Shankar Shukla, which he placed before Karvi. and the university was established.

Inauguration of the University – Friends, this music university was established by Priyadarshini Indira Gandhi herself by coming to Khairagarh.

First Vice Chancellor of the University – Friends Shri Krishnak Narayan Ratanj Nakar Ji was appointed as the first Vice Chancellor of the University.

An important department of the University Museum – Friends, in this university, collection of ancient coins and collection of ancient sculptures has been kept on display.

The departments of- this art are dance arts, sculpture, painting, singing and playing, Hindi department, Sanskrit department, English department, musicology, ancient Indian history etc.

Music Education – Friends, in this university, a large number of students from different countries and states of India come to this music university every year to take music education.

If you like this post or have important information about it, then definitely tell us by commenting.

Jai Johar jai chhattisgarh

Hitesh

हितेश कुमार इस साइट के एडिटर है।इस वेबसाईट में आप छत्तीसगढ़ के कला संस्कृति, मंदिर, जलप्रपात, पर्यटक स्थल, स्मारक, गुफा और अन्य रहस्यमय जगह के बारे इस पोस्ट के माध्यम से सुंदर और सहज जानकारी प्राप्त करे।

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