बैताल रानी घाटी छत्तीसगढ़ का सबसे खतरनाक घाटी l baital rani ghati

नोट – हिंदी और इंग्लिश में जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

हैलो दोस्तों मेरा नाम है हितेश कुमार इस पोस्ट में मैं आपको राजनांदगांव जिले के बैताल रानी घाटी के बारे में जानकारी देने वाला हूं । ये जानकारी अच्छा लगे तो कमेंट और शेयर जरूर करे।

बैताल रानी घाटी,छुईखदान-बकरकट्टा, राजनांदगांव

दूरी – दोस्तो बैताल रानी घाटी राजनांदगांव जिले के छूहीखदान से लगभग 34 की.मी की दूरी में है।यहां तक पहुंचने के लिए आप को छूहीखदान से छींदारी डैम से होते हुए आप पहुंच सकते हो।

3 साल बाद तैयार है घाटी – राजनांदगांव के छुईखदान-बकरकट्टा मार्ग पर नक्सल प्रभावित क्षेत्र में 3 साल से चल रहा सड़क बनाने का काम 2021 में बनकर तैयार है।

3 पहाड़ियों को काटकर बनाया गया घाटी – दोस्तो बैताल रानी घाटी का रास्ता जंगलों और पहाड़ों से ढका हुआ है। जहां पे तीन पहाड़ियों को काटकर छत्तीसगढ़ का खुबसूरत घाटी बनाया गया है ।।

हेयर पिन जैसे मोड़ – दोस्तो बैताल रानी घाटी के मोड़ दिल को दहला देने वाला है। जहां यह सड़क हेयरपिन जैसे 9 तीखे मोड़ से गुजरती है। आसमान की ऊंचाई से इस घाटी का मोड़ बालों में उपयोग किया जाने वाले हेयर पिन जैसे लगता है। यहां से गुजरने वाले लोग इस घाटी के इन तीखे मोड़ का आनंद लेते है।

घाटी बनने से दूरी हुआ कम – दोस्तो बैताल रानी घाटी सड़क बनने से छुईखदान से बकरकट्टा की दूरी अब 90 किमी की जगह 34 किमी रह गई है। साथ ही मप्र का बालाघाट सीधेजुड़ गया है।

बैतल रानी घाटी –दोस्तो बैताल रानी घाटी की सड़क की चौड़ाई 3.75 मीटर है लेकिन ढाई किमी की घाटी में इसे 7.75 मीटर चौड़ा रखा गया है। ताकि आवाजाही में दिक्कत न हो। लागत करीब 46 करोड़ रुपए है। इसमें 46 पुल-पुलिया हैं।

बैताल रानी घाटी का इतिहास- जनश्रुति के अनुसार बैताल रानी को धमधा के गोंड़ राजा की रानी बताया जाता है। वह लांजी के राजा की बेटी थी। कहा जाता है कि इस रानी को एक चरवाहे से लगाव-प्रेम हो गया। रानी चरवाहे के साथ चली गई और लांजी जाने के रास्ते में बकरकट्टा में जाकर छिप गए। धमधा के राजा ने खोजबीन करवाई और दोनों को वहां पकड़ लिया गया। चरवाहे और रानी को तलवार से काट दिया गया। तब से यह घाटी बैताल पहाड़ी के नाम से जानी जाती है।
2003 में धमधा में मेरे मित्र के दादाजी लखन यादव ने बैताल रानी के बारे में बताया था कि छुईखदान के आगे पहाड़ के ऊपर एक मूर्ति है, जिसे बैताल रानी कहते हैं। वहां जाकर लांजी जाना है बोलेंगे तो पत्थर आसानी से उठाया जा सकता है। लेकिन उसी को धमधा जाना है बोलेंगे तो वह पत्थर हिलता भी नहीं।यह तो हो गई किवदंती।

17 साल बाद हम लोग वहां पहुंचे, तो देखा कि वहां एक मूर्ति रखी है, जिसके हाथ पैर कटे हैं। जंगल के बीच में मूर्ति के अलावा कुछ नहीं है। घने पेड़ों के बीच में चबूतरा बना है, जिसमें मूर्ति सदियों से रखी है। इसके नजदीक में दो समाधि (शव को दफन किया स्थान) जैसा प्रतीत होता है। इस समाधि में दो खंभानुमा पत्थर दिखाई देता है, जिसके पास एक खड्डाऊ (चरणपादुका) रखी है।

शायद इस समाधि में बैताल रानी और चरवाहे को दफन किया गया हो। गोंड राज परिवार में मिट्टी देने की परंपरा रही है। इसकी पड़ताल उत्खनन से ही हो सकती है।
बहरहाल इस जगल सड़क बनाने वालों ने सीमेंट का मंदिर बना दिया है जिसमें बैताल रानी की मूर्ति रखी जा रही है।

आलेख-: गोविंद पटेल, धमधा,दुर्ग।।

धर्मधाम गौरवगाथा समिति धमधा,दुर्ग।

हमने यूट्यूब में बैताल रानी घाटी का वीडियो बनाया है जिसे देखे और चैनल को सब्सक्राइब जरूर करे

Youtube channel – hitesh kumar hk

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।।जय जोहार जय छत्तीसगढ।।

Hello friends my name is Hitesh Kumar in this post I am going to give you information about Baital Rani valley of Rajnandgaon district. If you like this information, then do comment and share.

Baital Rani Valley, Chhuikhadan-Bakarkatta, Rajnandgaon

Distance – Friends, Baital Rani Ghati is at a distance of about 34 kms from Chuhikhdan in Rajnandgaon district. To reach here, you can reach from Chuhikhdan via Chhindari Dam.

The valley is ready after 3 years – the road construction work going on for 3 years in the Naxal-affected area on Chhuikhadan-Bakarkatta road of Rajnandgaon is ready in 2021.

The valley created by cutting 3 hills – Friends, the path of Baital Rani Valley is covered with forests and mountains. Where the beautiful valley of Chhattisgarh has been made by cutting three hills.

Twist like hair pin – Friends, the twist of Baital Rani Ghati is heart-wrenching. Where this road passes through 9 sharp turns like hairpins. From the height of the sky, the curve of this valley looks like a hair pin used in the hair. People passing through here enjoy these sharp turns of this valley.

The distance reduced due to the formation of the valley – Friends, the distance from Chhuikhadan to Bakkaratta has now reduced to 34 km instead of 90 km. Also, Balaghat of MP is directly connected.

Baital Rani Valley – Friends, the width of the road of Baital Rani Valley is 3.75 meters but in the valley of two and a half km it has been kept 7.75 meters wide. So that there is no problem in movement. The cost is around Rs 46 crore. It has 46 bridges and culverts.

History of Baital Rani Valley- According to popular belief, Baital Rani is said to be the queen of the Gond king of Dhamdha. She was the daughter of the king of Lanji. It is said that this queen fell in love with a shepherd. The queen went with the shepherd and on her way to Lanji went and hid in Bakkaratta. The king of Dhamdha conducted an investigation and both were captured there. The shepherd and the queen were cut off by the sword. Since then this valley is known as Baital hill.

In Dhamdha in 2003 my friend’s grandfather Lakhan Yadav told about Baital Rani that there is an idol on top of the mountain in front of Chhuikhadan, which is called Baital Rani. If you say that you have to go to Lanji there, then the stone can be picked up easily. But if he says that he has to go crazy, then even that stone does not move.It has become a legend.

When we reached there after 17 years, we saw that an idol has been placed there, whose hands and feet have been cut off. There is nothing but an idol in the middle of the forest. There is a platform in the middle of the dense trees, in which the idol has been kept for centuries. Near it there seem to be two samadhis (the place where the dead body was buried). Two pillared stones are visible in this mausoleum, near which a khadau (Charanpaduka) is kept.

Perhaps the Baital queen and the shepherd were buried in this mausoleum. There is a tradition of giving soil in the Gond Raj family. This can only be ascertained by excavation.However, the builders of this Jagal road have made a cement temple in which the idol of Baital Rani is being kept.

Article: Govind Patel, Dhamdha, Durg.

Dharmadham Gauravgatha Samiti Dhamdha, Durg.

We have made a video of Baital Rani Ghati in YouTube, which must be seen and subscribed to the channel.

Youtube channel – hitesh kumar hk

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Jai johar jai chhattisgarh

Hitesh

हितेश कुमार इस साइट के एडिटर है।इस वेबसाईट में आप छत्तीसगढ़ के कला संस्कृति, मंदिर, जलप्रपात, पर्यटक स्थल, स्मारक, गुफा और अन्य रहस्यमय जगह के बारे इस पोस्ट के माध्यम से सुंदर और सहज जानकारी प्राप्त करे।

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